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There are moments in life when logic feels incomplete. You may have all the information, all the facts, and yet something inside you still feels uncertain.
By: AIFAS
23-Mar-2026
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In the ancient wisdom traditions of India, the environment in which we live and work is not considered a passive backdrop. Instead, it is viewed as a living field of energy that constantly interacts with our body, mind, and destiny.
By: Future Point
12-Mar-2026
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Today, institutions like AIFAS have made it possible to learn this ancient science through well-designed online astrology courses and online astrology classes.
24-Feb-2026
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संधिकाल या संक्रमण काल सदैव से ही अशुभ हानिकारक, कष्टदायक एवं असमंजसपूर्ण माना जाता रहा हैं। संधि से तात्पर्य है एक की समाप्ति तथा दूसरे का प्रारंभ, चाहे वह समय हो या स्थान हो या परिस्थिति हो।
By: अमित कुमार राम
01-Jan-2014
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भगवदगीता संसार में मार्गदर्शन प्राप्त करने में सहायता प्रदान कराती हैं। ओर हमें सांसारिकता से ऊंचा उठाकर ज्ञान प्राप्ति में भी निश्चित रूप से सहायक होती हैं। भगवदगीता मानव के व्यक्तित्व का विश्लेषण संपूर्णता से कराती हैं ओर हमें हमारी कमजोरियों व् शक्तियों से अवगत कराती हैं।
By: यशकरन शर्मा
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गणपति को तैतीस करोड़ देवी देवताओं में प्रथम स्थान प्राप्त है। गणेश पूजन किए बिना कोई शुभ व मांगलिक कार्य आरंभ नहीं होते। अतः यहां गणेश साधना के अनेक प्रयोग बताए जा रहे हैं जो जीवनोपयोगी है।
By: भगवान सहाय श्रीवास्तव
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ज्योतिष के क्षेत्र में कभी-कभी ऐसी कुंडली देखने को मिलती है जहां ग्रहों का चमत्कार देख कर ज्योतिष शास्त्र के समक्ष हम नतमस्तक हो जाते हैं।
By: आभा बंसल
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गुरु जब भी कर्क राशि में प्रवेश करते हैं तो प्रोपर्टी के दाम गिर जाते हैं। जून 2014 में गुरु अपनी उच्च राशि कर्क में प्रवेश करेंगे और प्रोपर्टी सस्ती हो जाएगी।
By: फ्यूचर पाॅइन्ट
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ुजरात में जीत की हैट्रिक लगाने वाले भाजपा के पी. एम. इन वेटिंग नरेंद्र मोदी क्या वास्तव में भारत के प्रधानमंत्री बन सकते हैं अथवा नहीं? इसी प्रश्न की जांच-पड़ताल करता हुआ यह ज्योतिषीय लेख प्रस्तुत है। इसमें नरेंद्र मोदी की जन्मकुंडली का सैद्धांतिक आधार पर विश्लेषण किया गया है।
By: सुनील जोशी जुन्नकर
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गुरु ग्रह 14 जुलाई 2015 को अपनी उच्च राशि कर्क से निकल कर सिंह राशि में प्रवेश कर रहे हैं। आम तौर पर गुरु ग्रह का गोचर काफी महत्वपूर्ण होता है क्योंकि गुरु ग्रह लगभग 1 साल एक राशि में रहते हैं। जुलाई 2015 से अगस्त 2016 तक गुरु के सिंह राशि में गोचर का प्रभाव किस राशि के लिए क्या होगा पढ़िए इस लेख म
15-Sep-2015
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आप अक्सर स्वयं को फिट रखने की प्लानिंग करते होंगे, इसे लेकर आपने कई बार योजनाएं भी बनाई होंगी। कसरत व संतुलित आहार के द्वारा मोटापे को कम करने के लिए आपने कई बार कोशिशें भी की होंगी। स्वयं को फिट रखना इतना कठिन नहीं है जितना फिट रखने की ‘शुरुआत’ करना है। फिटनेस प्लानिंग के शुरूआती चरण में आपको कुछ दिक्कतें या असहजता अवश्य महसूस होगी, इसी कारण हम हेल्थ योजनाएं बनाते तो अवश्य हैं परन्तु उनका पालन न कर पाने के कारण ये योजनाएं विफल हो जाती हैं। योग कक्षाएं या नियमित रूप से जिम में जाकर की गई कोई भी एक्सरसाईज तभी हमारा वजन कम कर सकती है जब हम मिठाई, चॉकलेट, फास्ट फूड का सख्ती से विरोध करें। हम अपनी जीवनशैली में बदलाव और नियमित शारीरिक क्रियाओं से ही वजन में कमी कर सकते हैं तथा अपने को आकर्षक व आकार में बनाए रखने में कामयाब हो सकते हैं।
15-May-2017
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मानव शरीर का एक महत्वपूर्ण तंत्र है ‘‘गुर्दे’’ जिसका मुख्य कार्य रक्त को शोधित करना है। शरीर की कोशिकाओं को अपना कार्य संपन्न करने के लिए प्रोटीन की आवश्यकता होती है। जब कोशिकाओं द्वारा प्रोटीन का विभाजन किया जाता है, तो अवशेष के रूप में नाइट्रोजन रह जाता है। गुर्दे इस नाइट्रोजन को छान कर बाहर निकाल रक्त को शोधित करते हैं।
By: अविनाश सिंह
15-Dec-2015
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करियर परिचर्चा लेख शृंखला की इस कड़ी में ‘‘अच्छे वकील बनने के योग’’ विषय पर चर्चा की जा रही है जिससे आप यह जान सकेंगे कि किस प्रकार के ग्रह योग जातक को श्रेष्ठ वकील बना सकते हैं। जो लोग ज्योतिष नहीं जानते वे जान सकेंगे कि व्यक्ति स्वयं कुछ नहीं करता अपितु ग्रह योग ही उसे एक विशेष दिशा की ओर अग्रसर कर देते हैं व जो ज्योतिष सीख रहे हैं वे विभिन्न ग्रहयोगों के बारे में ज्ञान प्राप्त कर सकेंगे और जो ज्योतिष जानते हैं उनके लिए यह आलेख एक पुनराभ्यास का कार्य करेगा।
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गोचर की दृष्टि से जुलाई का महीना अति महत्वपूर्ण है। 13 जुलाई को 21ः43 मिनट पर राहु कन्या राशि में प्रवेश कर रहे हैं। मंगल भी कई महीनों से कन्या राशि में स्थित थे जो 14 जुलाई को प्रातः 8ः45 पर तुला राशि में आ रहे हैं। शनि भी 21 जुलाई को प्रातः 2ः05 पर वक्री से मार्गी हो जाएंगे। गुरु 19 जून को 8ः47 पर अपनी उच्च राशि में प्रवेश कर ही रहे हैं। इस प्रकार से सभी महत्वपूर्ण ग्रह मंगल, गुरु, शनि व राहु आदि सभी की स्थिति में परिवर्तन हो रहा है।
By: डॉ. अरुण बंसल
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वैज्ञानिकों की सर्वदा एक जिज्ञासा रही है की ग्रह मानवीय जीवन पर कैसे असर डालते है। भौतिक जीवन में ऐसा प्रतीत होता है की मनुष्य के कर्म ही उसके फल का कारण होते है, जबकि ज्योतिष के अनुसार मनुष्य ग्रहों के प्रभाव से बंधा हुआ है। और वह वही करता है